जल संकट से निपटने जनभागीदारी पर जोर, CM हेल्पलाइन शिकायतों में लापरवाही बर्दाश्त नहीं: कलेक्टर बी.एस. उइके

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गरियाबंद। कलेक्टर बी.एस. उइके ने जिले में जल संरक्षण को जनआंदोलन का स्वरूप देने, सीएम हेल्पलाइन 1076 की शिकायतों का समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण निराकरण सुनिश्चित करने तथा सभी लंबित प्रकरणों को प्राथमिकता के आधार पर निपटाने के निर्देश दिए। बुधवार को आयोजित समय-सीमा (टीएल) बैठक में उन्होंने सभी विभागों की कार्यप्रणाली की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को शासन की प्राथमिकता वाले कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं बरतने की सख्त हिदायत दी।बैठक में कलेक्टर ने कहा कि वर्षा जल संचयन और जल संरक्षण के कार्यों में आम जनता, जनप्रतिनिधियों तथा स्वयंसेवी संस्थाओं की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की जाए। तालाब, कुएं, चेकडैम सहित अन्य जल संरचनाओं के संरक्षण एवं मरम्मत कार्यों को समय पर पूरा करने के साथ ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में व्यापक जनजागरूकता अभियान चलाने पर भी जोर दिया गया।संभावित कम वर्षा की स्थिति को देखते हुए कृषि विभाग को कम पानी में होने वाली फसलों और जैविक खेती को बढ़ावा देने के निर्देश दिए गए। किसानों को जल संरक्षण आधारित कृषि पद्धतियां अपनाने के लिए प्रेरित करने, वाटरशेड प्रबंधन, पौधरोपण, सोख्ता गड्ढों के निर्माण तथा उद्यानिकी फसलों की खेती को प्रोत्साहित करने पर भी विशेष बल दिया गया। वहीं मत्स्य विभाग को तालाब एवं डबरी निर्माण तथा सीमित भूमि वाले किसानों के लिए जल संरक्षण से जुड़े कार्यों को बढ़ाने के निर्देश दिए गए।कलेक्टर ने शिक्षा विभाग को विद्यालयों में नियमित उपस्थिति, गुणवत्तापूर्ण शिक्षण, नवप्रवेशी विद्यार्थियों के स्वागत, स्वच्छता, पेयजल, शौचालय, बिजली जैसी मूलभूत सुविधाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। कमजोर विद्यार्थियों के लिए विशेष शैक्षणिक सहयोग और छात्र हितैषी योजनाओं का समय पर लाभ दिलाने पर भी जोर दिया गया।बैठक में सीएम हेल्पलाइन 1076 के अंतर्गत प्राप्त शिकायतों की विभागवार समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने स्पष्ट कहा कि शिकायतों के निराकरण में किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। सभी शिकायतों का तथ्यों के आधार पर समय-सीमा के भीतर गुणवत्तापूर्ण समाधान करते हुए शिकायतकर्ताओं की संतुष्टि भी सुनिश्चित की जाए।मानसून पर्यटन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से कलेक्टर ने जिले के पर्यटन स्थलों पर स्वच्छता, सुरक्षा, पार्किंग, संकेतक बोर्ड एवं अन्य मूलभूत सुविधाओं के विकास के निर्देश दिए। स्थानीय ग्रामीणों को होमस्टे संचालन के लिए प्रोत्साहित करने तथा आवश्यक प्रशिक्षण उपलब्ध कराने पर भी बल दिया, ताकि पर्यटन के माध्यम से युवाओं, महिला स्व-सहायता समूहों और स्थानीय हस्तशिल्प एवं वन उत्पादों को रोजगार और बाजार के नए अवसर मिल सकें।बैठक में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी प्रखर चंद्राकर, अपर कलेक्टर पंकज डाहिरे सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।

थनेश्वर बंजारे
Author: थनेश्वर बंजारे

Dist :- Gariyaband Phone No. :- 7067148964 Gmail :- Banjarethaneshwar544@gmail.com

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